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पैदल ट्रैक में फैले प्लास्टिक कूड़े-कचरे कचरे को छात्रों ने किया साफ, कार्तिक स्वामी मंदिर में “पर्यटन पर पुनर्विचार थीम” पर चर्चा

Bytheukpedia

Sep 29, 2022
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पैदल ट्रैक में फैले प्लास्टिक कूड़े-कचरे कचरे को छात्रों ने किया साफ
कार्तिक स्वामी मंदिर में किया पर्यटन पर पुनर्विचार थीम पर चर्चा
विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर कार्तिक स्वामी मंदिर पैदल ट्रैक का आयोजन
पर्यटन के साथ ही पर्यावरण को भी रखना है सुरक्षित: नौटियाल
रुद्रप्रयाग। विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर पर्यटन विभाग ने हिम रूट ट्रैकिंग एसोसिएशन के तत्वाधान में कार्तिक स्वामी मंदिर तक पैदल ट्रैक का आयोजन किया गया। ट्रैक में जनपद के 35 छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया। साथ ही इस दौरान कार्तिक स्वामी मंदिर प्रांगण में स्थानीय युवाओं व पर्यटकों के मध्य पर्यटन पर पुनर्विचार थीम पर चर्चा करने के साथ ही पैदल ट्रैक में फैले प्लास्टिक कूड़े-कचरे को साफ किया गया। कार्तिक स्वामी पहुंचे पर्यटकों ने पर्यटन विभाग की ओर से आयोजित कार्यक्रम की सराहना की।
इस अवसर पर जिला पर्यटन विकास अधिकारी सुशील नौटियाल ने बताया कि इस वर्ष के विश्व पर्यटन दिवस की मेजबानी इंडोनेशिया की ओर से की जा रही है। पर्यटन सेक्टर में पुनर्विचार की आवश्यकता है। कैसे इसे लचीला सुगम बहु आयामी बनाया जा सकता है। इस पर थीम के अनुसार कार्य करने की जरूरत है। उन्होंने बताया कि विश्व पर्यटन दिवस लगातार 42 वर्षों से मनाया जा रहा है। हमारा उत्तराखंड पर्यटन प्रदेश है। पर्यटन हमारे प्रदेश की आर्थिकी से जुड़ा है। इसे किस तरह से सुदृढ़ एवं सुगम बनाया जाए। इस पर कार्य करने की जरूरत है।

उन्होंने कहा कि पर्यटकों को नये-नये पर्यटक स्थलों की खोज कर पर्यटन विभाग को जानकारी देनी चाहिए। जिससे उन पर्यटन स्थलों को पहचान दिलाई जा सके। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के संसाधन उपलब्ध होंगे। पर्यटन विकास अधिकारी नौटियाल ने कहा कि युवा छात्रों को ट्रैक पर ले जाने का मकसद यह है कि उन्हें यह बताया जाए कि पर्यटन के साथ ही पर्यावरण हमारे पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने का एक जरिया है। पर्यावरण को किस प्रकार सुरक्षित रखा जाए, जिससे पर्यटन भी चले और पर्यावरण भी सुरक्षित रहे। इसलिए इस ट्रैक का आयोजन विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर किया गया। इस दौरान कार्तिक स्वामी में आयोजित परिचर्चा में छात्र-छात्राओं ने अपने-अपने विचार रखे। उन्होंने बताया कि पर्यटन को कैसे और किस प्रकार से पर्यावरण से जोड़ा जाए और इससे क्या-क्या लाभ हो सकते हैं, पर अपने सुझाव दिए।